विश्व हृदय दिवस की पूर्व संध्या पर जीवनशैली में सुधार और नियमित योग पर दिया जोर
पुलिस दर्पण , हरिद्वार
हरिद्वार, 28 सितंबर 2026। स्वामी रामप्रकाश चैरिटेबल अस्पताल के मेडिकल डायरेक्टर डॉ. संजय शाह ने कहा कि प्रदूषण, असंतुलित खानपान, शारीरिक गतिविधियों की कमी और तनावपूर्ण जीवनशैली हृदय स्वास्थ्य के लिए गंभीर चुनौती बन रही है। उन्होंने कहा कि युवाओं में भी हृदय संबंधी समस्याएं बढ़ती चिंता का विषय हैं। हार्ट अटैक, स्ट्रोक और हार्ट फेलियर जैसी बीमारियों से बचाव के लिए दवा के साथ स्वस्थ जीवनशैली अपनाना जरूरी है।
विश्व हृदय दिवस की पूर्व संध्या पर डॉ. शाह ने कहा कि इस दिवस का उद्देश्य लोगों को हृदय रोगों के प्रति जागरूक करना और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना है। उन्होंने कहा कि हृदय रोग होने पर चिकित्सकीय उपचार के साथ खानपान, व्यायाम, नींद और तनाव प्रबंधन पर भी ध्यान देना चाहिए।
उन्होंने कहा कि स्वस्थ हृदय के लिए शरीर, मन और आत्मा के बीच संतुलन महत्वपूर्ण है। योग को केवल व्यायाम न मानते हुए उन्होंने इसे शरीर और मन को संतुलित रखने वाली अभ्यास पद्धति बताया। उन्होंने नियमित योग और ध्यान को दैनिक जीवन में शामिल करने की सलाह दी।
डॉ. शाह के अनुसार, अनुलोम-विलोम जैसे श्वास अभ्यास और ध्यान तनाव प्रबंधन में सहायक हो सकते हैं। उन्होंने लोगों से नियमित शारीरिक गतिविधि करने, संतुलित एवं पौष्टिक भोजन लेने तथा पर्याप्त नींद लेने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि सुबह समय पर उठना, हल्की धूप लेना, प्रकृति के बीच समय बिताना, समय पर भोजन करना और पर्याप्त आराम जैसी स्वस्थ आदतें समग्र स्वास्थ्य के लिए उपयोगी हो सकती हैं। उन्होंने लोगों से हृदय संबंधी किसी भी लक्षण को नजरअंदाज न करने और आवश्यकता पड़ने पर चिकित्सकीय सलाह लेने की अपील की।
डॉ. शाह ने कहा कि जागरूकता और समय पर उचित उपचार के साथ जीवनशैली में सकारात्मक बदलाव करके हृदय स्वास्थ्य को बेहतर बनाए रखने की दिशा में प्रभावी कदम उठाए जा सकते हैं।
