दशहरा की मध्यरात्रि भीमगौड़ा बैराज से रोका गया पानी, सफाई और मरम्मत के साथ अर्द्धकुंभ की तैयारियों को मिलेगी गति
हरिद्वार, 21 अक्टूबर। वार्षिक रखरखाव और साफ-सफाई के लिए हरिद्वार से कानपुर तक जाने वाली उत्तरी गंगनहर को बंद कर दिया गया है। मंगलवार को दशहरा की मध्यरात्रि उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग ने भीमगौड़ा बैराज से गंगनहर में पानी का प्रवाह रोक दिया। गंगनहर बंद होने से पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई क्षेत्रों में सिंचाई और दिल्ली-एनसीआर में पेयजल आपूर्ति प्रभावित होने की आशंका है।
हर साल दशहरा से छोटी दीपावली तक गंगनहर की वार्षिक बंदी की जाती है। इस अवधि में नहर की साफ-सफाई, चैनल गेट की मरम्मत और अन्य आवश्यक रखरखाव कार्य किए जाते हैं। नहर बंद होने से विभाग को मरम्मत और सफाई के कार्य पूरे करने का अवसर मिलता है।
अर्द्धकुंभ की तैयारियों को मिलेगी गति
गंगनहर बंदी के दौरान हरिद्वार में आगामी अर्द्धकुंभ मेले की तैयारियों के तहत नहर किनारे बनाए जा रहे गंगा घाटों के निर्माण कार्य में भी तेजी लाई जाएगी। पानी का प्रवाह रुकने से संबंधित निर्माण और मरम्मत कार्यों को पूरा करने में सुविधा मिलेगी।
हरकी पैड़ी पर स्नान के लिए रहेगा पर्याप्त जल
उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग के एसडीओ भारत भूषण ने बताया कि गंगनहर की क्लोजिंग के दौरान हरकी पैड़ी पर श्रद्धालुओं के स्नान के लिए पर्याप्त मात्रा में जल छोड़ा गया है, ताकि श्रद्धालुओं को स्नान के दौरान परेशानी न हो।
उन्होंने बताया कि निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार 7 नवंबर की रात गंगनहर में दोबारा पानी छोड़ दिया जाएगा। इसके बाद नहर में जल प्रवाह बहाल होने पर संबंधित क्षेत्रों में सिंचाई और पेयजल आपूर्ति सामान्य होने की उम्मीद है।
